Latest News

रविवार, 18 नवंबर 2018

गर्भवती महिला को अल्हागंज एसओ ने बिना तहरीर लिए थाने से भगाया

अल्हागंज 18 नवम्बर 2018 (खुलासा ब्यूरो).  एक तरफ जहां पुलिस अधीक्षक डा० एस चिनप्पा  पुलिस की छवि सुधारने में प्रयासरत है। वहीं उनके अधीनस्थ अल्हागंज एसओ अवनीश यादव पुलिस की छवि पर बट्टा लगाने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे।  शनिवार को एक गर्भवती महिला को एसओ ने बिना तहरीर लिए थाने से भगा दिया ।


क्षेत्र के एक गांव निवासी 7 माह की गर्भवती महिला जिसके पेट पर जमीन विवाद के कारण दबंगों ने लात मार दी, जब गर्भवती महिला को 108 एंबुलेंस से नगरिया अस्पताल लाया गया दर्द से तड़पती देखकर नगरिया अस्पताल से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया लेकिन जब वो जिला अस्पताल पहुंची तो वहां के डॉक्टरों ने पुलिस का मामला बताकर महिला का इलाज नहीं किया और कहां जब पुलिस की मेडिकल की पर्ची लेकर आओगे तभी इलाज होगा जब गर्भवती महिला अपनी तहरीर लेकर अल्लाहगंज थाने पहुंची तो एसओ ने बिना तहरीर लिए थाने से भगा दिया ।

अल्हागंज थाना क्षेत्र के गांव कोटा मंजा में केवल एक ही परिवार ठाकुर बिरादरी का है जिसको गांव से निकालने का भरसक प्रयत्न किए गए जा रहे है। जिसके लिए उनके निकलने का रास्ता भी बंद कर दिया गया नाली का पानी उनके घरों की तरफ मोड़ दिया गया जब उन लोगों ने इसकी शिकायत उप जिलाधिकारी से की तो उन्होंने जगह खाली कराने का आदेश दिया लेकिन दबंगों ने जगह खाली नहीं की और इस परिवार से रंजिश मानने लगे बीते दिवस जगपाल सिंह की पत्नी उमा सिंह जोकि 7 माह की गर्भवती है अपने घर के बाहर धूप में बैठी थी तभी गांव के दबंगों ने अपनी महिलाओंं के साथ उमा देवी के साथ मारपीट की तथा धर्मेंद्र ने उनके पेट पर लात मार दी जिसके कारण वह दर्द से तड़पने लगी। उमा सिंह की हालत गंभीर देख कर हमलावर तो मौके भाग गए उमा देवी के परिजनों ने अल्लाहगंज पुलिस को सूचना दी तथा 108 एंबुलेंस को फोन कर दर्द से तड़पती उमा देवी को नगर अस्पताल लाए जहां से उनकी हालत गंभीर देख कर नगरिया अस्पताल से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया लेकिन जब जिला अस्पताल पहुंची तो वहां के डॉक्टरों ने पुलिस केस देखकर इलाज से मना कर दिया और कहां मेडिकल के लिए पुलिस की मजलूमी चिट्ठी लेकर आओ तभी इलाज हो सकेगा। 

देर शाम महिला उमा सिंह जब अल्लाहगंज थाने पहुंची और उन्होंने अपनी नामजद तहरीर अल्लाहगंज एसओ अवनीश यादव को दी तो उन्होंने पहले तहरीर ले ली बाद में तहरीर वापस देते हुए कह दिया कि वह कोई कार्यवाही नहीं कर पाएंगे क्योंंकि उनके ऊपर राजनीतिक दबाव है। जब महिला ने कहा कि आप हमारी तहरीर लेकर इलाज के लिए ही केवल चिट्ठी बना दो इस बात पर भी अल्लाहगंज एसओ तो नहीं माने और महिला दर्द  से तड़पती हुई वापस आई और प्राइवेट अस्पताल में अपना इलाज कराया महिला के साथ कोई घटना हो जाती है तो क्या उसके जिम्मेदार कौन होगा  होंगे। 

Advertisement

Political News

Crime News

Kanpur News


Created By :- KT Vision